भारतीय आंगनवाड़ी कर्मचारी महासभा की प्रदेश अध्यक्ष सावित्री चौधरी के नेतृत्व में एक मीटिंग का आयोजन

दिनांक 14/ 8 /2021 को बुलंदशहर राजे बाबू पार्क में अखिल भारतीय आंगनवाड़ी कर्मचारी महासभा की प्रदेश अध्यक्ष सावित्री चौधरी के नेतृत्व में एक मीटिंग का आयोजन किया गया। जिसमें जिला अध्यक्ष अंजू शर्मा ने कहा कि अब आंगनबाड़ियों का शोषण नहीं होने दिया जाएगा।

अखिल भारतीय आंगनबाड़ी कर्मचारी महासभा के आवाहन पर दिनांक 27/08/2021 दिन शुक्रवार को 15 सूत्री मांगों को लेकर जंतर-मंतर (संसद भवन ) नई दिल्ली में एक दिवसीय राष्ट्रव्यापी विशाल धरना प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा I विगत लंबे समय से कोरोना महामारी ( कोविड-19 ) के चलते अखिल भारतीय आंगनबाड़ी कर्मचारी महासभा की राष्ट्रीय स्तर पर किसी प्रकार का धरना प्रदर्शन व कार्यक्रम नहीं हो सका। ईश्वर का धन्यवाद है कि देशभर में कार्यरत आंगनबाड़ी कर्मचारी पदाधिकारी सुरक्षित हैं। इस महामारी में बहुत सी हमारी आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों को कोरोना से जंग लड़ते हुए अपनी शहादत देनी पड़ी। उन सभी आंगनवाड़ी कर्मचारियों को हार्दिक श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए और सारे परिवार की सलामती की प्रार्थना खाते हुए। जैसा कि आप लोग जानते हैं संघर्ष व लडने से कुछ प्राप्त हो सकता है। अखिल भारतीय आंगनबाड़ी कर्मचारी महासभा एकमात्र ऐसा संगठन है जो केंद्र सरकार से लगातार आपके बेहतर भविष्य के लिए लड़ता आ रहा है जिसमें आप लोगों को कुछ सफलताएं जरूर मिली है।

1- देशभर में कार्यरत आंगनवाड़ी कर्मचारी, मिनी आंगनवाड़ी कर्मचारी एवं सहायिकाओं को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। 2-वर्तमान समय में भीषण महंगाई को देखते हुए आंगनवाड़ी कर्मचारी, मिनी आगनवाड़ी को ₹25000 और साहिकाओ को ₹12500 तत्काल दिया जाए।

3-प्री प्राइमरी नई शिक्षा नीति लागू होने पर प्राथमिक शिक्षकों के बराबर वेतनमान दिया जाए तथा आईसीडीएस विभाग में बाहरी व्यक्तियों/संस्थाओं का हस्तक्षेप बंद किया जाए।

4-आंगनवाड़ी कर्मचारियों/मिनी आंगनवाड़ी कर्मचारी/ सहायिकाओ को राज्य सरकारें 62 वर्ष के बाद सेवानिवृत्त ( रिटायरमैन्ट ) की प्रक्रिया एवं शासनादेश जारी कर दिया गया है। अतः भारत सरकार से ये अपेक्षा की जाती है कि आंगनवाड़ी कर्मचारियों द्वारा राष्ट्रीय तथा राजकीय कार्य कराया जाता है इसलिए इस लिहाज से दस लाख रूपया ( 1000000 ) रिटायरमेंट पर दिया जाए तथा परिवार को भरण पोषण हेतु पेंशन की व्यवस्था की जाए।

जिन योजनाओं का लाभ आंगनवाड़ी निचले स्तर तक पहुंचाती हैं उन योजनाओं का लाभ आंगनबाड़ियों को नहीं मिल पाता जैसे आयुष्मान कार्ड, आयुष्मान योजना का लाभ आंगनवाड़ी को भी मिलना चाहिये।

उत्तर प्रदेश सरकार ने जो वादा किया था प्री प्राइमरी का दर्जा देने का केवल काम बढ़ा देने से प्री प्राइमरी का दर्जा पूरा नहीं हो जाता , वेतन भी चाहिए सिर्फ और सिर्फ राज्य कर्मचारी का दर्जा दे सरकार, सरकार वादाखिलाफी ना करें वादे को निभाये ,केवल तारीफ पर देने से या यशोदा मां कह देने से आंगनबाड़ियों का पेट नहीं भर जाता है, सरकार आंगनबाड़ियों को राज्य कर्मचारी का दर्जा दे वरना अब आंगनवाड़ी किसी की बातों में आने वाली नहीं है ना ही वह किसी सरकार को वोट देने वाली हैं। 2022 में उत्तर प्रदेश की हर विधान सभा सीट पर आंगनवाड़ी स्वयं चुनाव लड़ेगी क्योकि उत्तर प्रदेश में 4लाख आंगनबाड़ी हैं।और आंगनवाड़ी बीएलओ भी है और आंगनवाड़ी की चुनाव में ड्यूटी लगती है। और वोटर भी है सपोर्टर भी है अब आंगनवाड़ी चुनावी मैदान में उतरेगी कार्यक्रम में अंजू शर्मा, सविता शर्मा, कमलेश गॉड, मुन्नी देवी नेत्रवती, संगीता ,नीलम शर्मा आदि मौजूद

आंगनवाड़ी